Wednesday, 4 December 2013

तेरी मर्जी है

है तेरी मर्जी है
मुझे तू चाहे या मुक़र जाए
मेरे साथ दे या न दे
मेरे बातो को सुने या अनसुना करे
देखे या मुह मूड ले

तेरी मर्जी है
पर इंसानियत भी एक शब्द
सुना है मैंने
क्या तूने भी सुना है
अगर है तो तुम्हे तो पता
होगा ही
तुम्हे हक़ है ना पसंद करने का
नही है हक़ किसी की  बेइजती करने का

अपने फयदा के लिए मेरे नुकसान पहुचाने का
अपनी मर्जी से किसी के जिंदगी से खेल जाने का
बस अपनी मर्जी के लिए
कुछ भी कर देने का

वामनावतार रक्षाबंधन पौराणिक कथा एक सौ 100 यज्ञ पूर्ण कर लेने पर दानवेन्द्र राजा बलि के मन में स्वर्ग का प्राप्ति की इच्छा बलवती हो गई त...